1. CDS जनरल अनिल चौहान की आर्मेनिया यात्रा
समाचार: चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (CDS) जनरल अनिल चौहान 1 फरवरी (2026) को 4-दिवसीय आधिकारिक यात्रा पर आर्मेनिया पहुँचे।
उद्देश्य: भारत और आर्मेनिया के बीच सुरक्षा एवं रणनीतिक सहयोग को मजबूत करना।
पृष्ठभूमि: हाल ही में 18 जनवरी को भारत ने 'पिनाका रॉकेट प्रणाली' की पहली खेप आर्मेनिया को भेजी थी।
राजनयिक: आर्मेनिया में भारत की राजदूत निलाक्षी साहा सिन्हा ने उनका स्वागत किया।
2. नई नियुक्ति: नौसेना आयुध महानिदेशक (DGONA)
नियुक्ति: श्री दिवाकर जयंत ने 2 फरवरी, 2026 को रक्षा मंत्रालय में 'नौसेना आयुध महानिदेशक' (Director General of Naval Armament) का पदभार ग्रहण किया।
कैडर: वे भारतीय नौसेना आयुध सेवा (INAS) के 1991 बैच के अधिकारी हैं।
उत्तराधिकारी: उन्होंने श्री पी. उपाध्याय का स्थान लिया है, जो 31 जनवरी को सेवानिवृत्त हुए।
अनुभव: उनके पास नौसेना आयुध डिपो और मंत्रालय में कार्य करने का 33 वर्षों का अनुभव है।
3. DRDO: सॉलिड फ्यूल डक्टेड रैमजेट (SFDR) तकनीक का सफल परीक्षण
समाचार: रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (DRDO) ने ओडिशा के चांदीपुर स्थित एकीकृत परीक्षण रेंज (ITR) से SFDR तकनीक का सफल प्रदर्शन किया।
महत्त्व: इस सफलता के साथ भारत इस उन्नत तकनीक से लैस दुनिया के विशिष्ट देशों की श्रेणी में शामिल हो गया है।
उपयोगिता: यह तकनीक लंबी दूरी की वायु-से-वायु मिसाइलों (Long-range Air-to-Air Missiles) के विकास में सहायक होगी, जिससे भारत की मारक क्षमता और सामरिक बढ़त बढ़ेगी।
प्रशंसा: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इस उपलब्धि के लिए डीआरडीओ और उद्योग जगत की सराहना की।
समाचार: चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (CDS) जनरल अनिल चौहान 1 फरवरी (2026) को 4-दिवसीय आधिकारिक यात्रा पर आर्मेनिया पहुँचे।
उद्देश्य: भारत और आर्मेनिया के बीच सुरक्षा एवं रणनीतिक सहयोग को मजबूत करना।
पृष्ठभूमि: हाल ही में 18 जनवरी को भारत ने 'पिनाका रॉकेट प्रणाली' की पहली खेप आर्मेनिया को भेजी थी।
राजनयिक: आर्मेनिया में भारत की राजदूत निलाक्षी साहा सिन्हा ने उनका स्वागत किया।
2. नई नियुक्ति: नौसेना आयुध महानिदेशक (DGONA)
नियुक्ति: श्री दिवाकर जयंत ने 2 फरवरी, 2026 को रक्षा मंत्रालय में 'नौसेना आयुध महानिदेशक' (Director General of Naval Armament) का पदभार ग्रहण किया।
कैडर: वे भारतीय नौसेना आयुध सेवा (INAS) के 1991 बैच के अधिकारी हैं।
उत्तराधिकारी: उन्होंने श्री पी. उपाध्याय का स्थान लिया है, जो 31 जनवरी को सेवानिवृत्त हुए।
अनुभव: उनके पास नौसेना आयुध डिपो और मंत्रालय में कार्य करने का 33 वर्षों का अनुभव है।
3. DRDO: सॉलिड फ्यूल डक्टेड रैमजेट (SFDR) तकनीक का सफल परीक्षण
समाचार: रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (DRDO) ने ओडिशा के चांदीपुर स्थित एकीकृत परीक्षण रेंज (ITR) से SFDR तकनीक का सफल प्रदर्शन किया।
महत्त्व: इस सफलता के साथ भारत इस उन्नत तकनीक से लैस दुनिया के विशिष्ट देशों की श्रेणी में शामिल हो गया है।
उपयोगिता: यह तकनीक लंबी दूरी की वायु-से-वायु मिसाइलों (Long-range Air-to-Air Missiles) के विकास में सहायक होगी, जिससे भारत की मारक क्षमता और सामरिक बढ़त बढ़ेगी।
प्रशंसा: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इस उपलब्धि के लिए डीआरडीओ और उद्योग जगत की सराहना की।
❤2