भारत में सात स्थानों पर 24 परमाणु रिएक्टर संचालित, 2047 तक 100 गीगावाट क्षमता का लक्ष्य
भारत में वर्तमान में सात स्थानों पर 24 परमाणु ऊर्जा रिएक्टर संचालित हैं, जिनकी कुल स्थापित क्षमता 8.78 गीगावाँट है। परमाणु ऊर्जा विभाग के अनुसार नौ अतिरिक्त रिएक्टर निर्माणाधीन हैं।
परमाणु ऊर्जा भारत के विकास पथ का एक महत्वपूर्ण घटक बनकर उभरी है, जो न केवल बिजली उत्पादन बल्कि स्वास्थ्य सेवा, कृषि और विभिन्न औद्योगिक अनुप्रयोगों में भी योगदान देती है।
विकसित भारत के परमाणु ऊर्जा मिशन का लक्ष्य 2047 तक 100 गीगावाँट परमाणु ऊर्जा क्षमता प्राप्त करना है। भारत का परमाणु ऊर्जा कार्यक्रम ‘सुरक्षा सर्वोपरि’ के सिद्धांत पर आधारित है।
भारत में वर्तमान में सात स्थानों पर 24 परमाणु ऊर्जा रिएक्टर संचालित हैं, जिनकी कुल स्थापित क्षमता 8.78 गीगावाँट है। परमाणु ऊर्जा विभाग के अनुसार नौ अतिरिक्त रिएक्टर निर्माणाधीन हैं।
परमाणु ऊर्जा भारत के विकास पथ का एक महत्वपूर्ण घटक बनकर उभरी है, जो न केवल बिजली उत्पादन बल्कि स्वास्थ्य सेवा, कृषि और विभिन्न औद्योगिक अनुप्रयोगों में भी योगदान देती है।
विकसित भारत के परमाणु ऊर्जा मिशन का लक्ष्य 2047 तक 100 गीगावाँट परमाणु ऊर्जा क्षमता प्राप्त करना है। भारत का परमाणु ऊर्जा कार्यक्रम ‘सुरक्षा सर्वोपरि’ के सिद्धांत पर आधारित है।
❤6
नागेश सिंह नाउरू गणराज्य में भारत के अगले राजदूत होंगे
26 अगस्त को भारत सरकार ने नागेश सिंह को नाउरू गणराज्य का अगला राजदूत प्रतिनिधि अपॉइंट किया।
वे वर्तमान में ऑस्ट्रेलिया में भारत के हाई कमिश्नर हैं और इसके साथ ही नाउरू की जिम्मेदारी भी संभालेंगे।
भारत के हाई कमिश्नर को नाउरू के लिए साथ ही मान्यता दी जाती है, क्योंकि नाउरू में भारत का अलग स्थायी दूतावास नहीं है। नागेश 1995 बैच के IFS ऑफिसर हैं और विदेश मंत्रालय में जॉइंट सेक्रेटरी के तौर पर भी काम कर चुके हैं
26 अगस्त को भारत सरकार ने नागेश सिंह को नाउरू गणराज्य का अगला राजदूत प्रतिनिधि अपॉइंट किया।
वे वर्तमान में ऑस्ट्रेलिया में भारत के हाई कमिश्नर हैं और इसके साथ ही नाउरू की जिम्मेदारी भी संभालेंगे।
भारत के हाई कमिश्नर को नाउरू के लिए साथ ही मान्यता दी जाती है, क्योंकि नाउरू में भारत का अलग स्थायी दूतावास नहीं है। नागेश 1995 बैच के IFS ऑफिसर हैं और विदेश मंत्रालय में जॉइंट सेक्रेटरी के तौर पर भी काम कर चुके हैं
भारतीय ग्रैंडमास्टर आर. प्रग्नानंद ने रचा इतिहास, ग्रैंड शतरंज टूर जीतने वाले पहले भारतीय बने
भारतीय ग्रैंडमास्टर आर प्रग्नानंद ग्रैंड शतरंज टूर जीतने वाले पहले भारतीय बन गए हैं। उन्होंने अमरीका के सेंट लुइस में खेले गए फाइनल में मौजूदा चैंपियन फैबियानो कारुआना को 15-13 से हराकर शानदार जीत दर्ज की।
प्रग्नानंद ने फाइनल में कारुआना से छह अंक पीछे रहते हुए शुरुआत की लेकिन दोनों रैपिड गेम जीतकर बढ़त बना ली। इसके बाद उन्होंने चारों ब्लिट्ज गेम में अपनी बढ़त बरकरार रखते हुए 15-13 से जीत हासिल की और 2 लाख डॉलर का पहला पुरस्कार जीतकर अगले साल के ग्रैंड शतरंज टूर में अपनी जगह भी पक्की कर ली।
तीसरे स्थान के मैच में वेस्ली सो ने भी विंसेंट कीमर के खिलाफ वापसी की। दोनों खिलाड़ियों के बीच रैपिड गेम बराबरी पर रहने के बाद, सो ने चारों ब्लिट्ज गेम जीतकर 18-12 से जीत दर्ज की
भारतीय ग्रैंडमास्टर आर प्रग्नानंद ग्रैंड शतरंज टूर जीतने वाले पहले भारतीय बन गए हैं। उन्होंने अमरीका के सेंट लुइस में खेले गए फाइनल में मौजूदा चैंपियन फैबियानो कारुआना को 15-13 से हराकर शानदार जीत दर्ज की।
प्रग्नानंद ने फाइनल में कारुआना से छह अंक पीछे रहते हुए शुरुआत की लेकिन दोनों रैपिड गेम जीतकर बढ़त बना ली। इसके बाद उन्होंने चारों ब्लिट्ज गेम में अपनी बढ़त बरकरार रखते हुए 15-13 से जीत हासिल की और 2 लाख डॉलर का पहला पुरस्कार जीतकर अगले साल के ग्रैंड शतरंज टूर में अपनी जगह भी पक्की कर ली।
तीसरे स्थान के मैच में वेस्ली सो ने भी विंसेंट कीमर के खिलाफ वापसी की। दोनों खिलाड़ियों के बीच रैपिड गेम बराबरी पर रहने के बाद, सो ने चारों ब्लिट्ज गेम जीतकर 18-12 से जीत दर्ज की
❤10🙏1
F165B8DC1B0C463F97DE46B5071451D6_260831_221645.pdf
195.7 KB
RPSC 1st Grade भर्ती 2025 : पंजाबी विषय में कोई भी अभ्यर्थी चयनित नहीं हुआ
A6B5128F93EB4E7EB5CA4B7B53EF3973_260831_221712.pdf
381.9 KB
RPSC 1st Grade शिक्षक भर्ती 2025 : Home Science विषय का रिजल्ट जारी
❤3
संजय के. अग्रवाल राजस्थान उच्च न्यायालय के नए मुख्य न्यायाधीश
❤17